कोरोनावायरस संक्रमण काल से एक दो चीजें अच्छी और बुरी दोनों उभर के सामने आई हैं। उस पर भी आपके ध्यान देने की आवश्यकता
International Cultre
छोटी छोटी बात को बड़ा इश्यू बनाकर हँसती खेलती गृहस्थी को डाइवर्स के कागार तक पहुंचाने वाले अपरिपक्व युगलों के लिए ये लेख एक सबक है!!!
विशाल नेटवर्क वाले “वर्ल्ड प्रेस” में पंजीकृत एवम कई देशों में अपनी विशेष पहचान बनाने वाले हमारे “राष्ट्रीय कल्चर” वेबपोर्टल” को एक लाख सतरह
कोविशिल्ड” व “कोवैक्सीन” के निर्माता “लोकतंत्र” के सही “संरक्षक” हैं? राजीव खंडेलवाल
(लेखक वरिष्ठ कर सलाहकार एवं पूर्व नगर सुधार न्यास अध्यक्ष हैं)
” भारतीय लोकतंत्र की ‘खूबसूरती’ उसका “त्रिस्तरीय” होना है। अर्थात् हमारा लोकतंत्र संसद (लोकसभा एवं राज्यसभा), विधानसभा (एवं विधान परिषद) और स्थानीय स्वशासन संस्थाएं
कर्मो का होता है रिकार्ड रजिस्टर ….
हमने अक्सर देखा है कुछ ऐसे लोग जिन्हें समाज मे अच्छी नजर से नहीं देखा जाता क्योकि वे सफल तो जरूर हुवे है लेकिन
लखनऊ शहर का स्व.पं.जिनेश्वर मिश्र स्मृति पार्क”!!!यानी वाटर स्टोरेज का अदभुत ओर सफल एक्सपेरिमेंट…
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में एक ऐसा विचित्र पार्क है जिसे पूर्णतया इकोसिस्टम को बैलेंस करने का एक अनूठा यंत्र की तरह इस्तेमाल